ईश्वर का एक एक वचन ताया हुआ है; वह अपने शरणागतों की ढाल ठहरा है।

संबंधित विषय
सत्य
वह जो खराई से...
परमेश्वर का वचन
क्योंकि परमेश्वर का वचन...
संरक्षण
परमेश्वर के सारे हथियार...
प्यार
प्रेम धीरजवन्त है, और...
आशा
क्योंकि यहोवा की यह...
श्रद्धा
इसलिये मैं तुम से...